Hamari kabr..

वो आए हमारी कब्र पर, अपने हमसफ़र के साथ…और लोग कहते हैं कि दफनाने के बाद, जलाया नहीं जाता…!! 💔🥀

वो आए हमारी कब्र पर, अपने हमसफ़र के साथ…और लोग कहते हैं कि दफनाने के बाद, जलाया नहीं जाता…!! 💔🥀

अनजान अपने आप से वो शख्स रह गया,जिसने उमर गुज़ार दी औरों की फ़िक्र में.. 🍂
कुछ दर्द ऐसे होते हैंजिनमें आंखें नहीं, दिल रो देता है…!! 💔😔
वो जो एक इंसान ना मिला हमें…फिर हम इस कायनात को लेकर क्या ही करेंगे… 💔

सब कुछ नहीं मिलता है, ज़िन्दगी मेंकुछ चीजें मुस्कुराकर छोड़नी भी पड़ती हैं..! 🙂✨
रात भर जागते रहे हम, मगर ये फैसला ना कर सके…वो याद आ रहे हैं या हम उन्हें याद कर रहे हैं…!! 💭🌙
शिकायत किस बात की?इंसान ही तो था… बदल गया। 😔

एक अदा से शुरू, एक अंदाज़ पे ख़त्म होती है…नज़र से शुरू मोहब्बत, नज़र-अंदाज़ पे ख़त्म होती है…!! 💔😔

चाँद कितनी ही कोशिश क्यूं ना कर ले,वो रात को दिन तो नहीं बना सकता…!! 🌙✨

ख़ैर शिकायतें तो बहुत हैं आपसे लेकिन छोड़िए, प्यार से ज़्यादा नहीं…!!😌

कितना कुछ हो गया लेकिन उस एक चेहरे से नफ़रत ना हो सकी…!!💔
काश कोई चाहने वाला ऐसा हो💖जो चाहने में बिल्कुल हमारे जैसा हो..!!✨
सच के चेहरे में यहाँ, झूठ के फसाने देखे“दुश्मनों” को जब गौर से देखाउनमे कई “दोस्त” पुराने देखे😐
होगा घमंड आपको, अपनी चालाकियों पर… 😏लेकिन हमें तो अपनी मासूमियत पे ऐतबार है…! 🌸
ख़ामोशी से मतलब नहीं, मतलब तो बातों का है..💭दिन तो गुजर जाता है, मसला तो रातों का है…🌙
उनके जाने से हमें उतना दर्द नहीं हुआ 😔जितना दर्द उन्हें किसी और के साथ देख कर हुआ…! 💔
आपके बाद हम जिसके भी होंगे… 😏उसे हैरानी होगी आपकी बेवकूफी पे..! 🤭
अब हम जब भी आयेंगे…बस याद ही आयेंगे…!!.. 😔💭
अब आप ख़्याल रखना अपनाहम आपसे बहुत दूर जाने वाले हैं…!!💔

आप हमें एक बार और शुरुआत की तरह मिलनाआपका हमें वो शुरू-शुरू का चाहना, बहुत याद आता है…💔
हमें पता था कि हमसे पहले वो किसी और के थे 😔फिर भी हमने उन्हें अपनी पहली मोहब्बत की तरह चाहा था…! 💔
याद आएगी हर रोज़, मगर तुझे आवाज़ नहीं दूंगालिखूंगा हर शायरी तेरे लिए, मगर तेरा नाम नहीं लूंगा… 🖋️🥀

Jisne khud ke saath bura hote hue dekha ho…Wo phir kisi ke saath bura nahi kiya karte…!! 💭
जिनको मोहब्बत निभानी आती है,उनको मोहब्बत मिलती ही नहीं है..!! 💔

जिसके लिए सब कुछ जीतना चाहते हो,अगर उसे ही हार गए… तब फिर क्या करोगे…? 💔🥀